“यूपी की मजबूरी है अनुप्रिया जरूरी है”के नारे के साथ कार्यकर्ता समागम से अपना दल ने दिखाई ताकत। सदर सीट की दावेदारी के कयास तेज।

सोनभद्र। जिले की सदर विधानसभा में कार्यकर्ता समागम करके भाजपा की सहयोगी पार्टी अपना दल ने विधानसभा 2027 के अभियान की शुरुआत कर दी। यह समागम दूसरे समागम की तरह कोई सामान्य कार्यक्रम नही रहा जहां बीते दिनों में भाजपा के सहयोगी दलो की अपनी अपनी राजनीति से सियासी पारा बढ़ाया हुआ था कि अपना दल ने भाजपा की पारंपरिक मानी जाने वाली सदर सीट पर अपने दावेदारी प्रस्तुत करके हलचल बढ़ा दी।कार्यकर्ता समागम में अपना दल की राष्ट्रीय अध्यक्ष केन्द्रीय परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने दलितों शोषितों, दबे कुचले बंचितो और कमेरावादियो को एकजुट होन का आह्वान करते हुए तैयार रहने को कहा। अपने कार्यकर्ताओ को अपना दल की लाठी चार्ज, यातना जेल और संघर्ष की याद दिलाते हुए कहा यह दल की ताकत है कि आज हम प्रदेश की विधानसभा में तीसरी सबसे बड़ी पार्टी है। देश की छोटी सी पार्टी बड़े बड़े काम कराने वाली अपना दल की परिपाटी की बात कह कर अनुप्रिया पटेल ने इशारों इशारों में बड़े संकेत दिये। आउटसोर्सिंग, नीट में पिछड़ी के लिये आरक्षण दिलाकर जातिगत जनगणना में पिछडा वर्ग के कॉलम को शामिल कराकर यूपीए सरकार में हुईं 2011की जनगणना के जातिगत आकंड़े न पेश कराने वाली सहयोगी सपा पर जमकर निशाना साधा। आगामी 2027 के विधानसभा चुनावों में पिछडो के नाम और मलाई खाने वाली पार्टियों को सबक सिखाने की बात करके यह भरोसा दिलाया कि इस बार नही राजद की सरकार बनेगी।

चर्चा में रही सदर विधायक की होर्डिंग

यूँ तो अपना दल के कार्यकर्ता समागम में जिले भर से कार्यकर्ता व पदाधिकारी जुटे हुए थे लेकिन कार्यक्रम स्थल पर भाजपा के सदर सीट के विधायक भूपेश चौबे की होर्डिंग अपने आप मे चर्चा का विषय रही। लोग यह भी कहते नजर आये की जिले में तो 3-3 विधायक भाजपा के हैं लेकिन भूपेश चौबे व अनिल मौर्या की होर्डिंग लगना कहीं न कहीं किसी बड़े परिवर्तन की सुगबुगाहट तो नही है।

अभिषेक चौबे ने किया समागम का संचालन

इस कार्यकर्ता समागम के संचालन की जिम्मेदारी अभिषेक चौबे ने संभाली। अभिषेक चौबे अपना दल के राष्ट्रीय विधि मंच के अध्यक्ष व रॉबर्ट्सगंज विधानसभा के सबसे प्रबल दावेदार हैं। बताते चले कि वर्ष 2017 में जिले की दुद्धी विधानसभा सीट गठबंधन में अपना दल के हिस्से में आयी थी लेकिन 2022 में कोई भी सीट अपना दल को नहीं मिल सकी थी। कयास लगाया जा रहा है कि इस बार 2027 में अपना दल सदर विधानसभा सीट पर दावेदारी करने की पूरी तैयारी में है।

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